नई दिल्ली – भारत इलेक्ट्रिसिटी समिट 2026, जो पावर और बिजली सेक्टर के लिए एक वैश्विक कॉन्फ्रेंस-कम-एग्ज़ीबिशन है, 19 से 22 मार्च 2026 तक यशोभूमि, नई दिल्ली में आयोजित की जाएगी। इसकी औपचारिक घोषणा आज नई दिल्ली में केंद्रीय ऊर्जा तथा आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री श्री मनोहर लाल ने की। इस अवसर पर मंत्री ने समिट का ब्रोशर और टीज़र फिल्म भी लॉन्च की। चार दिवसीय समिट की थीम है इलेक्ट्रिफाइंग ग्रोथ. एम्पावरिंग सस्टेनेबिलिटी. कनेक्टिंग ग्लोबली. यह समिट वैश्विक ऊर्जा परिवर्तन में भारत की नेतृत्व भूमिका को प्रदर्शित करेगा और साथ ही पावर सेक्टर से जुड़ी चुनौतियों और अवसरों पर चर्चा करेगा। समिट में सरकार, उद्योग, अकादमिक जगत और सिविल सोसाइटी से जुड़े देश-विदेश के स्टेकहोल्डर्स एक साथ आएंगे। यहां बिजली और सस्टेनेबल एनर्जी सिस्टम्स के भविष्य पर विचार-विमर्श किया जाएगा, विभिन्न सेक्टर्स के बीच संवाद को बढ़ावा दिया जाएगा और वैश्विक सहयोग को मजबूत करते हुए रणनीतिक साझेदारियों को प्रोत्साहित किया जाएगा। इस आयोजन में 50 से अधिक हाई-लेवल कॉन्फ्रेंस सेशंस, विशेषज्ञों द्वारा संचालित पैनल चर्चाएं, थीमैटिक पवेलियन और टेक्नोलॉजी शोकेस शामिल होंगे, जो बिजली और क्लीन एनर्जी वैल्यू चेन के हर पहलू को प्रस्तुत करेंगे। कार्यक्रम में 500 से अधिक एग्ज़िबिटर्स भाग लेंगे, 25,000 से ज्यादा अटेंडीज़ का स्वागत किया जाएगा और भारत सहित दुनिया भर से 1,000 से अधिक डेलीगेट्स और 300 स्पीकर्स के शामिल होने की उम्मीद है। भारत इलेक्ट्रिसिटी समिट 2026 वैश्विक पॉलिसीमेकर्स, सीईओज़, सरकारी नेतृत्व, बिजली क्षेत्र के विशेषज्ञों, निवेशकों, रेगुलेटर्स, इनोवेटर्स, सप्लायर्स और सॉल्यूशन प्रोवाइडर्स को एक मंच पर लाने का काम करेगा। स्टेकहोल्डर एंगेजमेंट और नेटवर्किंग के माध्यम से यह समिट बिजली वैल्यू चेन के हर स्तर उत्पादन और ट्रांसमिशन से लेकर डिस्ट्रीब्यूशन, स्टोरेज और स्मार्ट कंजम्प्शन तक में प्रगति को प्रभावित करने वाले अहम मुद्दों पर सार्थक चर्चा को संभव बनाएगा। समिट की प्रमुख विशेषताओं में से एक ‘बायर–सेलर मीट’ होगी, जिसका उद्देश्य साझेदारियों को तेज़ करना और वैश्विक पावर सप्लाई चेन में नए बिज़नेस अवसरों को खोलना है। इस तरह यह समिट सीमापार सहयोग को बढ़ावा देने और निवेश को सक्रिय करने का एक प्रभावी मंच बनेगा, जिससे क्लीन बिजली के विस्तार को गति मिलेगी। यह आयोजन बिजली क्षेत्र से जुड़े विभिन्न खिलाड़ियों को समिट में अपनी टेक्नोलॉजी, सिस्टम्स और सॉल्यूशंस प्रदर्शित करने का एक अनूठा अवसर प्रदान करेगा। इनमें पावर जेनरेशन, पावर ट्रांसमिशन, डिस्ट्रीब्यूशन, एनर्जी स्टोरेज व बैटरी टेक्नोलॉजी, एनर्जी एफिशिएंसी, एनर्जी ट्रांज़िशन, स्टार्टअप्स और अन्य क्षेत्रों से जुड़े मैन्युफैक्चरर्स, सप्लायर्स, कॉन्ट्रैक्टर्स, इनोवेटर्स और सॉल्यूशन प्रोवाइडर्स शामिल होंगे। इस अवसर पर संबोधित करते हुए श्री मनोहर लाल ने कहा कि भारत इलेक्ट्रिसिटी समिट 2026 बिजली प्रणालियों के भविष्य को आकार देने के भारत के संकल्प को दर्शाता है। जैसा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने कहा है हम ऊर्जा प्रचुरता के युग में प्रवेश कर रहे हैं। एक समय था जब हमारी चर्चाएं कमी को दूर करने और बुनियादी जरूरतें पूरी करने पर केंद्रित थीं। आज हम अतिरिक्त क्षमता के बेहतर प्रबंधन, सिस्टम की मजबूती सुनिश्चित करने और सभी के लिए उत्कृष्ट सेवाएं उपलब्ध कराने की बात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत इलेक्ट्रिसिटी समिट 2026 केवल अब तक की उपलब्धियों का प्रदर्शन नहीं होगा, बल्कि यह उन लक्ष्यों की शुरुआत का मंच बनेगा जिन्हें हम मिलकर हासिल करेंगे। यह समिट टेक्नोलॉजी प्रोवाइडर्स, इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपर्स, इनोवेटर्स और निर्णय लेने वालों को एक ही मंच पर लाएगा। उन्होंने आगे कहा कि यह समिट एक ऐसा अनूठा वातावरण प्रदान करता है, जहां स्थानीय क्षमताएं वैश्विक दृष्टिकोण से जुड़कर एक सस्टेनेबल और मजबूत बिजली भविष्य को आकार देंगी। मंत्री ने ऊर्जा मंत्रालय, उसके सीपीएसई, अन्य सहयोगी मंत्रालयों, राज्यों,केंद्र शासित प्रदेशों और उद्योग संगठनों के सामूहिक प्रयासों की भी सराहना की, जिनके माध्यम से भारत की बिजली से जुड़ी दूरदृष्टि को आगे बढ़ाया जा रहा है और समिट की तैयारियों की औपचारिक शुरुआत की गई है।
