गुरुग्राम – लेखक एवं कैरिओके सिंगर पवन शर्मा को इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स ने प्रथम कैरिओके सिंगर्स डाइरेक्टरी ‘स्वर संग्रह’ के लिए IBR Achiever की उपाधि से सम्मानित किया है। IBR ने स्वर संग्रह डाइरेक्टरी को अपनी रिकॉर्ड बुक में दर्ज किया है, जो कि देश के सभी कैरिओके सिंगर्स एवं संगीत-प्रेमियों के लिए गौरव की बात है। पवन शर्मा को ‘इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स अचीवर’ के रूप में सम्मान स्वरूप सर्टिफिकेट, मेडल और आइडेंटिटी-कार्ड प्रदान किया गया है।आई.बी.आर. भारत में असाधारण और उल्लेखनीय उपलब्धियों को मान्यता देने वाला एक प्रतिष्ठित मंच है जो कला, शिक्षा, खेल, साहसिक कार्य और अन्य क्षेत्रों में मानवीय उत्कृष्टता को दर्ज करता है, ताकि उनकी प्रतिभा को दुनिया के सामने लाया जा सके। यह एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स से संबद्ध है, जिससे रिकॉर्ड धारकों को एशियाई स्तर पर भी पहचान मिलती है।लेखक ने अपनी इस संकल्पना का स्वयं ही संकलन, संपादन एवं प्रकाशन भी किया है, जिसमें दिल्ली, गुरुग्राम, नोएडा, गाजि़याबाद एवं फरीदाबाद क्षेत्र के कैरिओके सिंगर्स, ऑर्गनाइज़र्स, ऑडिटोरियम और स्टूडियो के उपयोगी विवरण के अलावा अनेक महत्वपूर्ण लेखों एवं जानकारियों का भी समावेश किया है। कैरिओके सिंगिंग के महत्व एवं इस प्रकाशन की आवश्यकता पर प्रकाश डालते हुए पवन शर्मा ने कहा कि गायकी हमारी कला एवं संस्कृति का अभिन्न अंग होने के साथ-साथ देश एवं दुनिया की एक उभरती हुई हॉबी भी है, जिसका कोई नकारात्मक पक्ष नहीं है।उन्होंने कहा कि कैरिओके सिंगिंग के व्यवस्थित एवं व्यावसायिक स्वरूप लेने से देशभर में हर आयु-वर्ग के लाखों लोग इससे जुड़ रहे हैं और हज़ारों-लाखों लोगों को प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार भी मिल रहा है। सिंगिंग हॉबी से न केवल मानसिक तनाव एवं अवसाद जैसी समस्याओं से राहत मिलती है, बल्कि सिंगर्स के व्यक्तित्व में भी निखार आता है और परस्पर सामाजिक जुड़ाव बढ़ता है। पवन शर्मा ने आश्चर्य व्यक्त करते हुए कहा कि समाज के लिए इतने महत्वपूर्ण एवं उपयोगी क्षेत्र होते हुए भी आज तक कैरीओके सिंगर्स एवं ऑर्गेनाइज़र्स का कोई सूचनापरक संग्रह प्रकाशन करने की पहल नहीं की गई, जिससे सिंगर्स, ऑर्गनाइजर्स एवं संगीत-प्रेमियों के बीच आपसी संपर्क और सहयोग सशक्त हो सके। हाल ही में, गुरूग्राम के आर्टिमिस ऑडिटोरियम में इस डाइरेक्टरी का भव्य विमोचन समारोह आयोजित किया गया था, जिसमें बड़ी संख्या में दिल्ली एन.सी.आर के जाने-माने सिंगर्स, ऑर्गेनाइज़र्स एवं संगीत प्रेमियों के अलावा प्रतिष्ठित हस्तियां भी शामिल हुई थीं जिन्होंने इस अभूतपूर्व प्रकाशन की मुक्त कंठ से सराहना की थी।
