नई दिल्ली – रियल एस्टेट इंडस्ट्री से जुड़े विशेषज्ञों का मानना है कि आज का होमबायर केवल बड़ा घर नहीं, बल्कि बेहतर लाइफस्टाइल, आकर्षक डिजाइन, खुले स्थान और आधुनिक सुविधाओं से युक्त रहने का अनुभव चाहता है। यही कारण है कि अब रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट्स में लाइफस्टाइल आधारित प्लानिंग और कम्युनिटी सेंट्रिक डेवलपमेंट पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।इसी बदलते दौर में ज़ीशान असलम एक ऐसे नाम के रूप में उभर रहे हैं, जो लखनऊ में लग्ज़री लिविंग को नए दृष्टिकोण से प्रस्तुत करने की कोशिश कर रहे हैं। उनके नेतृत्व में CCS INFRATECH द्वारा विकसित AMOR को एक ऐसे टाउनशिप कॉन्सेप्ट के रूप में देखा जा रहा है, जो टियर-1 शहरों जैसी आधुनिक और प्रीमियम लाइफस्टाइल को लखनऊ जैसे उभरते शहर में लाने का प्रयास करता है।AMOR में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, क्लब हाउस कल्चर, खूबसूरत लैंडस्केप ओपन स्पेसेज़, लाइफस्टाइल सुविधाएं और सुव्यवस्थित आवासीय वातावरण जैसी कई विशेषताओं को शामिल किया गया है। इंडस्ट्री ऑब्जर्वर्स का मानना है कि इस तरह के प्रोजेक्ट्स यह संकेत देते हैं कि अब लखनऊ जैसे शहरों में भी लोग केवल संपत्ति नहीं, बल्कि बेहतर और गुणवत्तापूर्ण जीवन अनुभव की तलाश कर रहे हैं।ज़ीशान असलम का कहना है कि पिछले कुछ वर्षों में होमबायर्स की अपेक्षाओं में बड़ा बदलाव देखने को मिला है।आज के खरीदार पहले से कहीं अधिक जागरूक और महत्वाकांक्षी हो चुके हैं। अब लग्ज़री केवल बड़े घरों या भव्यता तक सीमित नहीं रह गई है। लोग सुंदरता, सुविधा, आधुनिक लाइफस्टाइल और बेहतर रहने के अनुभव को अधिक महत्व दे रहे हैं ज़ीशान असलम ने कहा।लखनऊ के रियल एस्टेट बाजार में यह बदलाव बेहतर शहरी इंफ्रास्ट्रक्चर, बढ़ती क्रय शक्ति और आधुनिक जीवनशैली के बढ़ते प्रभाव के कारण तेजी से देखने को मिल रहा है। ऐसे में विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में टियर-2 शहर भारत के प्रीमियम हाउसिंग सेक्टर को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।इंडस्ट्री से जुड़े लोगों के अनुसार, AMOR जैसे प्रोजेक्ट्स लखनऊ के बदलते रियल एस्टेट परिदृश्य का हिस्सा बनते जा रहे हैं, जहां लग्ज़री लिविंग अब केवल एक सपना नहीं, बल्कि एक सुलभ और अनुभव आधारित वास्तविकता बनती दिखाई दे रही है।
