नई दिल्ली – भारत के सार्वजनिक क्षेत्र के अग्रणी बैंकों में से एक पंजाब नैशनल बैंक ने देशभर में 200 से अधिक स्थानों पर मेगा एमएसएमई आउटरीच कार्यक्रम की मेजबानी की। इस कार्यक्रम का उद्देश्य सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों को सुलभ, अनुकूलित और प्रतिस्पर्धी दरों पर वित्तीय समाधान प्रदान कर उन्हें सशक्त बनाना है, जो उद्यमिता और आर्थिक विकास के प्रति बैंक की प्रतिबद्धता को और अधिक मजबूत करता है।सार्थक जुड़ाव को बढ़ावा देने और एमएसएमई को उनके विकास के लिए सही वित्तपोषण विकल्पों को खोजने में सक्षम बनाने के लिए डिज़ाइन किया गया यह कार्यक्रम, व्यवसाय करने वालों, उद्योग प्रतिभागियों और बैंकिंग विशेषज्ञों को एक साझा मंच पर साथ लाया।जहाँ अवसरों की शुरुआत होती है और व्यवसाय फलते-फूलते हैं की थीम पर आधारित यह आउटरीच कार्यक्रम ऋण तक पहुँच को सरल बनाने और विशेष रूप से तैयार किए गए वित्तीय समाधान प्रदान करने पर केंद्रित रहा, जो एमएसएमई को अपने संचालन के विस्तार और उत्पादकता में सुधार करने में मदद करते हैं।विशेषज्ञों तक सीधी पहुँच: तत्काल मार्गदर्शन और अनुकूलित वित्तीय समाधानों के लिए पीएनबी के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ सीधे संवाद। ऋण की तुरंत स्वीकृति चयनित एमएसएमई ऋण योजनाओं को तुरंत स्वीकृति मिली।डिजिटल एक्सपीरियंस ज़ोन: डिजिटल बैंकिंग सेवाओं का अनुभव, अपनी पात्रता की जाँच और तुरंत ऑफर। अनुकूलित पेशकश: विभिन्न व्यावसायिक आवश्यकताओं के अनुसार तैयार किए गए एमएसएमई-केंद्रित ऋण उत्पादों की एक विस्तृत श्रृंखला।कार्यक्रम के बारे में बोलते हुए, श्री फिरोज हसनैन, सीजीएम, पीएनबी ने कहा एमएसएमई नवाचार, रोजगार और समावेशी विकास के शक्तिशाली इंजन हैं। इस मेगा आउटरीच कार्यक्रम के माध्यम से, हम उद्यमियों को, यहाँ तक कि जमीनी स्तर पर भी, समय पर ऋण, निर्बाध डिजिटल पहुँच और विशेष वित्तीय समाधान उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हमारा ध्यान बैंकिंग को सरल बनाने, निर्णय लेने की प्रक्रिया में तेजी लाने और व्यवसायों को आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने के लिए सशक्त बनाने पर है, जिससे देश के जीडीपी में सार्थक योगदान दिया जा सके।
